- बाघ को पकड़ने के लिए पिंजरा और जाल मंगाए गए,वन प्रभाग की टीमें मौके पर तैनात – वन क्षेत्राधिकारी मोहम्मद साकिब
रेहुआ मंसूर गांव में दो दिन पूर्व एक मवेशी को वन्यजीव के द्वारा निवाला बना लेने के बाद वन विभाग ने बाघ को पकड़ने के लिए वन प्रभाग की टीमें मौके पर तैनात की और ड्रोन कैमरे से निगरानी शुरू कर दी।गुरुवार को गन्ने के खेत में बाघ आराम करता हुआ दिखाई दिया।
रिपोर्ट :पुण्डरीक पाण्डेय :यूपी :बहराइच : बहराइच में महसी तहसील के रेहुआ मंसूर गांव में मवेशियों पर लगातार हो रहे हमलों के बाद ड्रोन कैमरे से बाघ की मौजूदगी की पुष्टि हो गई। दो दिन पूर्व एक मवेशी को वन्यजीव द्वारा निवाला बना लेने के बाद वन विभाग ने ड्रोन कैमरों से निगरानी शुरू की। गुरुवार को गन्ने के खेत में बाघ आराम करता हुआ दिखाई दिया जैसे ही बाघ की मौजूदगी की पुष्टि हुई बहराइच वन प्रभाग की टीमें मौके पर तैनात कर दी गई हैं बाघ को पकड़ने के लिए पिंजरा और जाल मंगाए गए हैं।
बाघ को पकड़ने के लिए पिंजरा और जाल मंगाए गए,वन प्रभाग की टीमें मौके पर तैनात – वन क्षेत्राधिकारी मोहम्मद साकिब
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रेहुआ मंसूर गांव में झाड़ियों में दिखा बाघ। – : फोटो सोर्स वन विभाग
ड्रोन कैमरों से बाघ के मौजूदगी की पुष्टि होते ही बहराइच वन प्रभाग की टीमें मौके पर तैनात कर दी गई हैं। बाघ को पकड़ने के लिए पिंजरा और जाल मंगा लिए गए हैं। वन क्षेत्राधिकारी मोहम्मद साकिब ने जानकारी दी कि जिस क्षेत्र में बाघ दिखाई पड़ा है, उस क्षेत्र में पिंजरा और जाल लगाए जा रहे हैं।

वन क्षेत्राधिकारी मोहम्मद साकिब ने आगे बताया कि गाड़ी बाघ को सुरक्षित तरीके से पकड़ने के लिए कतर्नियाघाट से ट्रैंकुलाइज विशेषज्ञों को भी बुला लिया गया है। डॉ. दीपक और डॉ. दया की अगुवाई में विशेषज्ञ टीमें मौके पर पहुंच चुकी हैं। रेहुआ मंसूर गांव में बाघ की मौजूदगी की खबर चारों तरफ फैलते ही ग्रामीणों में दहशत व्याप्त हो गई है। वन विभाग की टीमों ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है।
प्रभागीय वनाधिकारी सुंदरेसा ने जानकारी देते हुए बताया कि ड्रोन सर्विलांस के बीच झाड़ियों में बैठे बाघ की तस्वीर कैद हो गई है, जिसमे उसकी मौजूदगी की पुष्टि हो चुकी है। बाघ को पकड़ने के लिए चारों तरफ जाल लगाए जा रहे हैं। कतर्नियाघाट से आ चुकीं विशेष टीमें बहराइच वन प्रभाग की टीमों के साथ मिलकर लगातार निगरानी कर रही हैं।
बाघ प्रभावित क्षेत्र में दुधवा टाइगर रिजर्व के रेंज अधिकारी शाकिब अंसारी, क्षेत्राधिकारी पवन कुमार व वन्य चिकित्सक दयाशंकर,सहित वन विभाग के कई अन्य कर्मचारी भी मौजूद हैं।
- चंपाकली और जयमाला से कॉम्बिंग भी कराई जाएगी
बाघ को पकड़ने में सहयोग के लिए कतर्नियाघाट से हथिनी चंपाकली और जयमाला को बुला लिया गया है।दोनों हथिनियां रेहुआ मंसूर गांव मे देर शाम तक पहुंच जाएंगी। इन दोनों हाथियों के सहयोग से कॉम्बिंग अभियान चलाकर बाघ को घेरने और ट्रैंकुलाइज कर काबू में किया जा सकेगा
- दहशत में हैं रेहुआ मंसूर गांव के निवासी
ड्रोन कैमरा से बाघ की मौजूदगी की पुष्टि हो जाने के बाद रेहुआ मंसूर गांव के लोग दहशत में हैं। वनकर्मियों की आवाजाही गांव के आसपास पूरे दिन बनी रही। ग्रामीण पवन कुमार शुक्ला राधेश्याम जुग्गीलाल राजेश मिश्रा और शिवमोहन ने बताया कि पिछले पांच दिनों से बाघ की दहाड़ लगातार सुनाई दे रही है।
- कई गांवों को किया गया अलर्ट
वन विभाग की तरफ से भगईपुरवा,खुशलीपुरवा, कहारनपुरवा,दुवेपुरवा,पासीनपुरवा,और अकबरपुरवा इत्यादि गांवों को अलर्ट पर रखा गया है। अधिकारियों ने ग्रामीणों से अपील की है कि वह अपनी सुरक्षा बनाए रखने के लिए खेतों की तरफ न जाएं और हर समय सतर्क रहें
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